महानिदेशक पुलिस प्रशिक्षण एवं यातायात(DGP) श्री अनिल पालीवाल का राजसमंद दौरा: पुलिस लाइन में ली संपर्क सभा, कांकरोली थाने का किया औचक निरीक्षण
राजसमंद: राजस्थान के महानिदेशक पुलिस (DGP) श्री अनिल पालीवाल अपने दो दिवसीय राजसमंद जिले के आधिकारिक दौरे पर प्रथम दिन राजसमंद पहुँचे। दौरे के पहले दिन डीजीपी महोदय ने पुलिस अधिकारियों और जवानों के साथ संवाद किया।
संपर्क सभा: जवानों की समस्याओं का समाधान और मनोबल वृद्धि
दौरे की शुरुआत में श्री पालीवाल ने रिजर्व पुलिस लाइन, राजसमंद में एक वृहद ‘संपर्क सभा’ का आयोजन किया। इस सभा में जिले के विभिन्न थानों से आए अधिकारियों और पुलिस जवानों ने भाग लिया।

विस्तार से चर्चा: डीजीपी सर ने जवानों के कल्याण, कार्यस्थल पर आने वाली चुनौतियों और उनके व्यक्तिगत स्वास्थ्य जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा की।
दिशानिर्देश: उन्होंने पुलिसकर्मियों को आमजन के प्रति संवेदनशील व्यवहार करने और अपराधियों के प्रति कठोर नीति अपनाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस का ध्येय “आमजन में विश्वास और अपराधियों में भय” होना चाहिए।
आधुनिक प्रशिक्षण: उन्होंने जवानों को बदलती तकनीक और अपराधों के नए तरीकों जैसे साइबर क्राइम से निपटने के लिए निरंतर सीखने और अपने कौशल को अपग्रेड करने के लिए प्रेरित किया।
अनुशासन और फिटनेस: उन्होंने पुलिसकर्मियों को शारीरिक और मानसिक रूप से फिट रहने के लिए नियमित प्रशिक्षण अभ्यास पर जोर देने की बात कही।

कांकरोली थाने का औचक निरीक्षण
संपर्क सभा के पश्चात डीजीपी श्री अनिल पालीवाल ने कांकरोली थाने का औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) किया। इस दौरान उन्होंने:
अभिलेखों की जाँच: थाने के रिकॉर्ड, मालखाना, और हिस्ट्रीशीट फाइलों का बारीकी से अवलोकन किया।
साफ-सफाई व अनुशासन: थाने के परिसर की स्वच्छता और पुलिसकर्मियों की अनुशासनबद्ध कार्यशैली की सराहना की।
त्वरित निस्तारण: उन्होंने लंबित प्रकरणों के त्वरित निस्तारण और परिवादियों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर सुनने हेतु थानाधिकारी को विशेष दिशा-निर्देश दिए।
ट्रैफिक रेग्युलेशन: उन्होंने जिले में सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए प्रभावी ब्लैक स्पॉट पहचान और यातायात नियमों के सख्त पालना सुनिश्चित करने के दिशा निर्देश दिए।
