राजसमन्द में रविवार को समुचे जिले में पल्स पोलियों अभियान आयोजित किया जायेगा। पोलियों अभियान का शुभारंभ जिला कलक्टर अरुण कुमार हसीजा सुबह 9 बजे किषोर नगर मण्डा स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पर नौनिहालो को पोलियो रोधी दवा पिलाकर करेंगे। वहीं ब्लाॅक एवं गांव स्तर पर पोलियो बूथ का शुभारम्भ स्थानीय जनप्रतिनिधीयों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं अधिकारीयों द्वारा बच्चो को पोलियो रोधी दवा पिलाकर किया जायेगा।

सीएमएचओ डाॅ हेमन्त कुमार बिन्दल ने बताया कि सम्पुर्ण जिलें में 1587 पोलियों बूथ बनायें गयें है, जिनमें से 1444 ग्रामीण क्षैत्रों में एवं शहरी क्षैत्रो में 143 पोलियों बूथ बनायें गयें है। अभियान के तहत जिले में 0 से 5 वर्ष तक के कुल 1 लाख 73 हजार 186 बच्चों को अभियान में पीलाई जावेगी ।
जिला प्रजनन एवं षिषु स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ सुरेष मीणा ने बताया कि अभियान के तहत 384 हाईरिस्क एरिया जैसे ईंट भट्टो, निर्माणरत ईमारतों, खनन क्षैत्रों में विषेष ध्यान दिया जा कर इन क्षेत्रों में स्थित बच्चों को पोलियों रोधी दवा पिलाई जायेगी। वहीं घुम्मकड़ जाति वाले चिन्हीत क्षैत्रों में अभियान के पहले दिन ही पोलियों रोधी दवा पीलाई जायेगी।

उन्होंने बताया कि भारत पोलियो मुक्त है, लेकिन कुछ देषो में पोलियो अभी भी है और फिर लौट सकता है, इसलिये परिजनो को यह सुनिष्चित करना चाहियें कि बच्चो की सुरक्षा में कोई चूक ना हो, उन्हें अपने बच्चो को पोलियो की खुराक हर बार पिलाने के लिये बूथ पर लाना चाहिये। अभियान के सूचारू संचालन के लियें जिले के 79 सेक्टरों में 158 पर्यवेक्षक, 3174 वेक्सीनेटर्स नियोजित रहेंगे। जिलें में कोई भी बच्चा न छुटे इसके लिये 19 मोबाईल टीमें हाई रिस्क एरिया एवं 25 ट्रांजिट टीमें कार्यरत रहेगी जो बस स्टेण्ड, चैराहों पर भी बच्चों को पोलियों रोधी दवा पीलायेंगी।
जिले में सभी पोलियों बूथ के लिये आवष्यक प्रचार व अन्य सामग्री व पोलियो रोधी दवा पहंुचा दी गई है। उन्होंने सभी स्वयं सेवी संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों एवं जागरूक नागरीकों एवं परिजनों से अभियान में सक्रीय भुमिका निभानें का आग्रह किया है। उन्होंने बताया है कि 0 से 5 वर्ष तक के बच्चे जिन्होने पहले भी दवा पी है उनकों दवा पीलाना आवष्यक है। अतः परिजन अपने घर के नजदीकी पोलियों बूथ पर जा कर बच्चें को पोलियों रोधी दवा पीलावें जिससेें बच्चा की जीवनभर पोलियों जैसी गम्भीर बीमारी से बचा रहे।
