मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर-2026 आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान का प्रभावी माध्यम बन रहे हैं। इसी क्रम में पंचायत समिति खमनोर की ग्राम पंचायत कुंठवा में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर ने 76 वर्षीय रामूबाई पत्नी घासी जाति नट एवं उनके पुत्र ओमप्रकाश को वर्षों पुरानी परेशानी से राहत दिलाई।
रामूबाई एवं उनके पुत्र को पूर्वजों से भूमि प्राप्त होने के बावजूद राजस्व अभिलेखों में नाम अशुद्ध दर्ज होने के कारण लंबे समय से विभिन्न कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। राजस्व रिकॉर्ड में त्रुटि होने से उन्हें सरकारी योजनाओं, जनकल्याणकारी कार्यक्रमों तथा अन्य सुविधाओं का लाभ प्राप्त करने में बाधा आ रही थी। आर्थिक रूप से कमजोर होने तथा कानूनी प्रक्रियाओं की सीमित जानकारी के कारण समस्या का समाधान उनके लिए चुनौती बना हुआ था।

ग्रामीण सेवा शिविर की जानकारी मिलने पर दोनों मां-बेटे ने ग्राम पंचायत कुंथवा में आयोजित शिविर में पहुंचकर अपनी समस्या प्रस्तुत की। शिविर प्रभारी एवं उपखंड अधिकारी नाथद्वारा भागीरथ सिंह के निर्देशन में राजस्व विभाग की टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुराने रिकॉर्ड, पहचान दस्तावेजों एवं अन्य आवश्यक अभिलेखों की जांच की। शिविर में ही आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी कर राजस्व न्यायालय से संबंधित कार्यवाही एक ही दिन में संपादित की गई तथा आदेश भी मौके पर ही जारी कर दिए गए।
वर्षों से लंबित इस समस्या का अपने ही गांव में त्वरित समाधान होने से रामूबाई एवं उनके पुत्र ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन का आभार जताया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण सेवा शिविर वास्तव में ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान का सशक्त मंच बनकर उभरे हैं, जहां आमजन को बिना अनावश्यक भागदौड़ के राहत मिल रही है।
ग्रामीण सेवा शिविरों के माध्यम से प्रशासन द्वारा आमजन की समस्याओं का त्वरित निस्तारण कर उन्हें सरकारी सेवाओं एवं योजनाओं का लाभ उनके गांव में ही उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में शासन के प्रति विश्वास और जनसंतोष में भी वृद्धि हो रही है।
